Headline
आपदा प्रभावित क्षेत्र मसंदावाला के लिए जारी हुए 43 लाख, ग्रामीणों ने जताया मंत्री गणेश जोशी का आभार
आपदा प्रभावित क्षेत्र मसंदावाला के लिए जारी हुए 43 लाख, ग्रामीणों ने जताया मंत्री गणेश जोशी का आभार
देहरादून में जाम से मिलेगी निजात? डीएम ने तैयार करने के दिए मास्टर प्लान के निर्देश
देहरादून में जाम से मिलेगी निजात? डीएम ने तैयार करने के दिए मास्टर प्लान के निर्देश
SSC परीक्षा में हाईटेक नकल कराने वाले गिरोह का एक और सदस्य दिल्ली से गिरफ्तार
SSC परीक्षा में हाईटेक नकल कराने वाले गिरोह का एक और सदस्य दिल्ली से गिरफ्तार
गैरसैंण में दो विधानसभा सत्र आयोजित करना सरकार की प्रतिबद्धता का प्रतीक: सीएम धामी
गैरसैंण में दो विधानसभा सत्र आयोजित करना सरकार की प्रतिबद्धता का प्रतीक: सीएम धामी
नैनीताल में पर्यटन स्वरोजगार और होमस्टे योजनाओं को बढ़ावा, 31 आवेदन स्वीकृत
नैनीताल में पर्यटन स्वरोजगार और होमस्टे योजनाओं को बढ़ावा, 31 आवेदन स्वीकृत
हल्द्वानी में फार्मर रजिस्ट्री को लेकर डीएम ने किसानों से की अपील
हल्द्वानी में फार्मर रजिस्ट्री को लेकर डीएम ने किसानों से की अपील
नशा तस्करों पर पुलिस का शिकंजा, गैंगस्टर समेत 4 गिरफ्तार
नशा तस्करों पर पुलिस का शिकंजा, गैंगस्टर समेत 4 गिरफ्तार
श्रीनगर से सड़क मार्ग से देहरादून लौटते हुए मुख्यमंत्री धामी ने किया राष्ट्रीय राजमार्ग का स्थलीय निरीक्षण
श्रीनगर से सड़क मार्ग से देहरादून लौटते हुए मुख्यमंत्री धामी ने किया राष्ट्रीय राजमार्ग का स्थलीय निरीक्षण
ठाणे में 5 साल की बच्ची से दुष्कर्म के दोषी को 20 साल की सजा, पॉक्सो कोर्ट ने सुनाया फैसला
ठाणे में 5 साल की बच्ची से दुष्कर्म के दोषी को 20 साल की सजा, पॉक्सो कोर्ट ने सुनाया फैसला

2018 के बाद कितनी जमीन बाहरी लोगों को बिकी, श्वेत पत्र जारी करें सरकार- यशपाल आर्य

2018 के बाद कितनी जमीन बाहरी लोगों को बिकी, श्वेत पत्र जारी करें सरकार- यशपाल आर्य

नये भू- कानून पर संसदीय परम्पराओं का पालन नहीं किया- आर्य

देहरादून। नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने कहा कि समाचार पत्रों से ये पता चला है कि, राज्य की कैबिनेट ने विधानसभा में भू-कानून से संबधित विधेयक लाने का निर्णय लिया है।

उत्तराखण्ड में संसदीय परंपराओं का कहीं भी पालन नहीं हो रहा है।
परम्परा यह थी कि, जब राज्य में विधानसभा का सत्र चल रहा हो तो कैबिनेट के फैसलों की ब्रीफिंग भी नहीं होती थी।
यहां तो विधानसभा का सत्र चल रहा है। भू कानून मामले में विधेयक आएगा या संशोधन विधेयक आएगा और उस विधेयक के महत्वपूर्ण अंश मीडिया को पहले ही लीक कर दिए हैं। पहले ऐसे मामलों को विधानसभा अध्यक्ष संज्ञान में लेते थे।
पर अब इस राज्य में विधायी परंपराओं से कोई लेना देना नहीं था।

नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि भू- कानून पर प्रतिक्रिया बिल के सदन में पेश होने के बाद देंगे लेकिन समाचार माध्यमों से पता चला है कि, 2018 में कि किए परिवर्तनों को सरकार वापस ले रही है। कांग्रेस ने तब भी परिवर्तनों का विरोध किया था।

आर्य ने कहा कि 2018 में हुए इन परिवर्तनों के बाद राज्य की हजारों एकड़ भूमि बाहरी लोगों को बेच दी गई है। सरकार को श्वेत पत्र लाकर स्थिति साफ करनी चाहिए कि, 2018 से लेकर अब तक राज्य की कितनी जमीन लुटवाई है किसको लुटाई है सरकार सारी जानकारी सार्वजनिक करे जिससे प्रदेश की जनता को पता चले की कैसे विगत वर्षों में राज्य की जमीन की कितनी बंदरबाट हुई है और राज्य को उसका क्या लाभ मिला।

उन्होंने कहा कि अन्य संशोधनों पर सदन में विधेयक पेश होने के बाद प्रतिक्रिया देंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top